Hills: Beauty With Burning Dreams

A Hindi poem Hills: Beauty With Burning Dreams says about the hidden potential of hills with beauty. Hills and girls living there are basically, known for their utmost beauty but they are more than that now they are ready to make the world realize it. Some journey becomes unforgettable when you meet any random person who could compel you to write down your feelings on paper even though you have not talked to her once.

 

पहाड़ों का मंजर, वादियों का सफर ,

और चाय की चुस्की का तिलिस्म तोड़ पाना मुम्किन नहीं।

 

कोई तो शरारत, कुदरत ने मेरी चाय में घोल दी कि

बगल में बैठी खातून से नजरे हटा पाना मुम्किन नहीं।

 

उठाई थी कलम इन वादियों के कलाम में,

पर लगता है उसके अलावा,

 मेरी कलम का  किसी और की जोगन बन पाना मुम्किन नहीं।

 

उसके नैनों में बसे इन ख्वाइशों के समन्दर को,

सिर्फ एक काले काजल से रोक पाना मुम्किन नहीं।

इन बेगैरत  सुर्ख लबों की नादानियों को,

 

खामोशियों से रोक पाना मुम्किन नहीं।

बहने दो इन बेपरवाह लटों को हवा के साथ,

इन काले केशुओं को अब बांधिसों के गजरे से उलझा पाना मुम्किन नहीं।

 

 अब, जब  किसी खातून को किसी दायरे में बांधे रखना मुम्किन नहीं,

तो मेरी कलम का  किसी और की जोगन बन पाना मुम्किन नहीं।

 



 

 

NEXT>>>>>

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *